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Friday, February 13, 2026

वंदे मातरम के लिए नए नियम, राष्ट्रगीत पर खड़े नहीं हुए तो कितनी मिलेगी सजा; जानें

नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने हाल ही में वंदे मातरम को लेकर अपडेटेड गाइडलाइंस जारी की हैं। इन निर्देशों के मुताबिक कुछ ऑफिशियल मौकों पर इसके फॉर्मल गायन के दौरान खड़ा होना जरूरी कर दिया गया है। अब कई नागरिकों के मन में एक जरूरी सवाल उठ रहा है कि अगर कोई वंदे मातरम के दौरान खड़ा नहीं होता तो क्या होगा और क्या पुलिस इसके लिए उसे गिरफ्तार भी कर सकती है?

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नई गाइडलाइंस के मुताबिक सरकारी कर्मचारी, ऑफिशियल राज्य समारोह और स्कूलों में Vande Mataram के दौरान खड़ा होना जरूरी है। राष्ट्रपति की मौजूदगी वाले इवेंट्स और पद्म अवार्ड जैसे नागरिक सम्मान समारोह में भी यह जरूरी है।ऐसी जगहों पर वंदे मातरम का ऑफीशियली 6 वर्स वाला वर्जन बजाया जाएगा। यह लगभग 3 मिनट और 10 सेकंड का होता है।

हालांकि यह नियम सिनेमा हॉल में लागू नहीं होता है। अगर वंदे मातरम किसी फिल्म, डॉक्यूमेंट्री या न्यूजरील के हिस्से के तौर पर दिखाया जाता है तो यह नियम लागू नहीं होगा। उन स्थितियों में खड़ा होना जरूरी नहीं है और बैठे रहने पर कोई पेनल्टी नहीं लगेगी। यह कानून पहले से ही राष्ट्रगान का जानबूझकर अपमान करने पर सजा का प्रावधान करता है।

किसी ऑफिशियल फंक्शन के दौरान जानबूझकर वंदे मातरम में रुकावट डालता है या उसका अपमान करता है तो कानून में 3 साल तक की जेल, जुर्माना या दोनों का प्रावधान हो सकता है। ऐसे मामलों में सबसे जरूरी चीज इरादा होती है। कानूनी नतीजे आमतौर पर जानबूझकर की गई गड़बड़ी या बेइज्जती से जुड़े होते हैं। सिर्फ खड़े न होने पर बिना किसी परेशानी के अपने आप गिरफ्तारी नहीं हो जाती, जब तक कि अधिकारी इसे जानबूझकर किया गया काम ना समझे।

Tag: #nextindiatimes #VandeMataram #NationalSongLaw

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