लाइफस्टाइल डेस्क। अक्सर हम सिर्फ ब्रांड और कीमत देखकर बोतल खरीद लेते हैं, लेकिन ढक्कन (bottle cap) का रंग भी पानी के टाइप के बारे में एक अहम जानकारी देता है। कई बार यही छोटा-सा ढक्कन बता देता है कि बोतल में कौन-सा पानी भरा है-फ्लेवर्ड, स्प्रिंग वॉटर, अल्कलाइन या RO। आईये आपको इसकी पूरी जानकारी देते हैं।
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ग्रीन कैप:
अगर बोतल पर हरा रंग दिखे, तो समझ जाइए कि इसमें फ्लेवर्ड वॉटर है। यानी इसमें किसी स्वाद या फ्लेवर को मिलाया गया है। यह साधारण पीने का पानी नहीं होता, बल्कि टेस्ट के लिए बनाया गया एक ऑप्शन होता है।
ब्लू कैप:
नीले ढक्कन का मतलब है कि बोतल में नेचुरल स्प्रिंग वॉटर है। यह प्राकृतिक स्रोतों से लिया गया पानी होता है, जिसे हल्का-फुल्का फिल्टर किया जाता है।
ब्लैक कैप:
काले रंग का कैप दिखे तो यह अल्कलाइन वॉटर होता है। यह पानी सामान्य पानी की तुलना में pH लेवल में ज्यादा होता है, जिसे कुछ लोग शरीर का एसिड लेवल बैलेंस रखने के लिए इस्तेमाल करते हैं।

व्हाइट कैप:
सफेद ढक्कन का मतलब है कि यह पानी RO या प्रोसेस्ड वॉटर है। यानी इसे मशीन के जरिए साफ कर मिनरल्स को बैलेंस किया जाता है। बता दें, यह रोजमर्रा में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाला पानी है।
रेड कैप:
लाल कैप वाली बोतलों में इलेक्ट्रोलाइट या कार्बोनेटेड वॉटर मिलता है। यह शरीर में जल्दी हाइड्रेशन के लिए बनाया जाता है और कई बार हल्का-सा फिज भी होता है।
अब जब आपको हर रंग का मतलब समझ आ चुका है, तो पानी की बोतल चुनना पहले से कहीं आसान होगा। ध्यान रहे, कुछ ब्रांड्स अपनी ब्रांड इमेज को ध्यान में रखते हुए भी ढक्कन के रंगों का चुनाव करते हैं।
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