बांग्लादेश। बांग्लादेश (Bangladesh) इस्कॉन के प्रमुख चिन्मय कृष्ण दास (Chinmay Das) प्रभु की गिरफ्तारी को लेकर बांग्लादेश सरकार की आलोचना हो रही है। उनकी गिरफ्तारी को लेकर ढाका (Dhaka) में लगातार बवाल जारी है। इस बीच यहां के बंदरगाह शहर चटगांव में मंगलवार को झड़प हुई। इसमें एक वकील (lawyer) की कथित तौर पर हत्या कर दी गई।
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चटगांव बार एसोसिएशन (Association) के अध्यक्ष नाजिम उद्दीन चौधरी ने कहा कि चटगांव में एक वकील (lawyer) सैफुल इस्लाम आरिफ की हत्या कर दी गई। हालांकि हत्या का मकसद स्पष्ट नहीं है। वहीं चटगांव बार एसोसिएशन के महासचिव अशरफ हुसैन रज्जाक ने बताया कि आरिफ की बेरहमी से हत्या की गई है। अपने सदस्य की हत्या के विरोध में बार एसोसिएशन (Association) ने बुधवार को अदालती गतिविधियों को निलंबित करने का फैसला किया है।
चटगांव में तनाव के बीच देश भर में कानून प्रवर्तन एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। बांग्लादेश ने चटगांव और राजधानी ढाका में अतिरिक्त बलों की तैनाती की है। चटगांव में हजारों लोग हिन्दू पुजारी चिन्मय ब्रह्मचारी (Chinmay Das) की रिहाई की मांग को लेकर अदालत परिसर में जमा हुए। गौरतलब है 30 अक्तूबर को बांग्लादेश (Bangladesh) में राष्ट्रीय ध्वज का अपमान करने के आरोप में देशद्रोह अधिनियम के तहत चिन्मय कृष्ण दास (Chinmay Das) प्रभु समेत 19 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।

इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार भी किया जा चुका है। आरोप है कि 25 अक्तूबर को चटगांव के लालदीघी मैदान में सनातन जागरण मंच ने आठ सूत्री मांगों को लेकर एक रैली की थी। इस दौरान एक चौक पर स्थित आजादी स्तंभ पर कुछ लोगों ने भगवा ध्वज फहराया था। इस ध्वज पर आमी सनातनी लिखा हुआ था। इसे लेकर चिन्मय कृष्ण दास (Chinmay Das) पर राष्ट्रीय झंडे की अवमानना व अपमान करने का आरोप लगाया गया है।
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