वाराणसी। यूपी संभल (Sambhal) के बाद अब वाराणसी (Varanasi) के मुस्लिम बहुल इलाके में मंगलवार को प्राचीन मंदिर (temple) मिलने के बाद मामला गरमा गया है। वहीं मामले की गंभीरता को देखते हुए मंदिर (Varanasi) के आसपास भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया हैं। हिन्दू (Hindu) संगठनों ने पुलिस से मंदिर खोलने व पूजा करने की इजाजत देने की आपील की है।
यह भी पढ़ें-संभल: 46 साल बाद खुले मंदिर के कुएं में निकलीं मूर्तियां, दर्शन को उमड़े लोग
सनातन रक्षक दल का दावा है कि यह स्कंद पुराण में वर्णित सिद्धेश्वर महादेव मंदिर (Siddheshwar Mahadev Temple) है। उधर इलाके में बढ़ते हंगामे को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और सनातन रक्षक दल से बात की और उन्हें आश्वासन दिया। एडीएम सिटी आलोक शर्मा ने सनातन रक्षक दल को आश्वासन दिया कि जांच के बाद जो तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

अगर दस्तावेजों में मंदिर (Varanasi Temple) पाया जाता है, तो उसका ताला खोला जाएगा। फिलहाल तनाव को देखते हुए पुलिस ने यहां पीएसी बल तैनात कर दिया है। सनातन रक्षक दल के अजय शर्मा ने दावा किया है कि यहां पहले मंदिर (temple) था और उसके दस्तावेज भी मौजूद हैं। उन्होंने बताया कि एडीएम सिटी ने आश्वासन दिया है कि दस्तावेजों में मंदिर मिला तो उसका ताला खोल दिया जाएगा। जिसके बाद स्थानीय महिलाएं मंदिर के पास पहुंची और हर-हर महादेव के जयकारे के साथ शंख बजाकर मंदिर मिलने पर अपनी खुशी का इजहार किया।

हालांकि इस दौरान पुलिस ने हिंदू पक्ष के लोगों को शंख बजाने से रोक दिया। वहीं मुस्लिम समुदाय ने भी माना है कि यहां पहले से मंदिर (temple) था। बताया जा रहा है कि यह मंदिर एक मुस्लिम परिवार के घर से सटा हुआ है। उधर स्थानीय लोगों का मानना है कि इस मंदिर में पिछले 10 सालों से पूजा बंद है। हालांकि यह भी दावा किया जा रहा है कि यह मंदिर पिछले 40 सालों से बंद है। यह मंदिर वाराणसी (Varanasi) के दशाश्वमेध थाना क्षेत्र के मदनपुर इलाके में मिला है।
Tag: #nextindiatimes #temple #Varanasi #Sambhal