उत्तराखंड में बदला मौसम का मिजाज,चारधाम यात्रा मार्ग के साथ पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश व ओलावृष्टि के आसार,

उत्तराखंड में मौसम का मिजाज बदलते ही पहाड़ों में बारिश और ओलावृष्टि हुई है। मौसम विभाग के अनुसार बुधवार को भी चारधाम यात्रा मार्ग के साथ ही पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की बारिश और ओलावृष्टि हो सकती है।

इधर, मंगलवार को देहरादून समेत आसपास के मैदानी इलाकों में शाम को तेज हवा के साथ बूंदाबांदी हुई। केदारनाथ में दोपहर बाद तेज बारिश, जबकि बदरीनाथ में हल्की बौछार हुई। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के आसपास के इलाकों में हल्की बारिश हुई।

पर्वतीय स्थानों पर मध्यम बारिश की संभावना

मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक बिक्रम सिंह के अनुसार आज भी प्रदेश के पर्वतीय जिलों में बादल छा सकते हैं। उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ समेत आसपास के पर्वतीय स्थानों पर मध्यम बारिश हो सकती है।

इसके अलावा कुछ जगह आकाशीय बिजली चमकने के साथ ओलावृष्टि और तेज बारिश के आसार हैं। मैदानी क्षेत्रों में करीब 50 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से आंधी चल सकती है। इसको लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है।

बारिश ने कारण पर्वतीय क्षेत्रों में काफी हद तक बुझी आग

उत्तराखंड में फायर सीजन शुरू होने के बाद से लगातार धधक रहे जंगल अब कुछ शांत हो गए हैं। बारिश के कारण पर्वतीय क्षेत्रों में आग काफी हद तक बुझ गई है। पिछले 24 घंटे में प्रदेश में जंगल की आग की महज 10 घटनाएं दर्ज की गईं, जिनमें 21 हेक्टेयर वन क्षेत्र को नुकसान पहुंचा।

इसी के साथ बीते दो माह में कुल 1823 घटनाओं में 2957 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ है। इसके अलावा 15 फरवरी को फायर सीजन शुरू होने से अब तक राज्य में 1890 घटनाओं में 3031 हेक्टेयर वन क्षेत्र आग की भेंट चढ़ गया है।

दो मार्च से दो मई तक जंगल की आग की घटनाएं

कुल घटनाएं-1823

प्रभावित क्षेत्र-2957 हेक्टेयर

आरक्षित वन क्षेत्र

घटनाएं – 1269

प्रभावित क्षेत्र- 2103 हेक्टेयर

वन पंचायत

घटनाएं- 554

प्रभावित क्षेत्र- 928 हेक्टेयर

व्यक्ति घायल – छह

मृत्यु – एक

अल्मोड़ा में जंगल की आग बनी चुनौती

अब तक पूरे प्रदेश में जंगलों की आग की सर्वाधिक घटनाएं अल्मोड़ा में हुई हैं। जिले में जंगल की आग की 356 घटनाएं हो चुकी हैं। जिनमें 813 हेक्टेयर जंगल जल चुका है। वहीं, पिथौरागढ़ दूसरे और पौड़ी तीसरे स्थान पर है। अल्मोड़ा जिले के जागेश्वर, सोमेश्वर, लमगड़ा, स्याल्दे, सल्ट के जंगल मंगलवार को भी धधकते रहे।

वन विभाग स्थानीय निवासियों के सहयोग से आग पर काबू पाने में जुटा है। पिथौरागढ़ जिला मुख्यालय के नजदीकी धारी जोशी के जंगलों में अज्ञात अराजक तत्वों ने आग लगा दी। जंगल का बड़ा हिस्सा आग की चपेट में आ गया। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने तीन घंटे की मशक्कत कर आग पर काबू पाया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

6 + 5 =

Back to top button