पूरी दुनिया में कोरोना मचा रहा कोहराम, अमेरिका में एक दिन में 4.41 लाख मामले मिले,विश्व स्वास्थ्य संगठन ने दी चेतावनी

कोरोना के डेल्टा और ओमिक्रोन वैरिएंट के बढ़ते प्रसार के चलते विश्व इस समय महामारी की सुनामी का सामना कर रहा है। यह बात किसी और ने नहीं बल्कि खुद विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के महानिदेशक टेड्रोस अढानम घेब्रेयेसस ने कही है। समाचार एजेंसी रायटर की रिपोर्ट के मुताबिक इन दोनों वैरिएंट को विश्व के लिए दोहरा खतरा बताते हुए डब्ल्यूएचओ के प्रमुख ने टेड्रोस अढानम घेब्रेयेसस ने कहा कि इसके चलते अमेरिका और यूरोप के कई देशों में रिकार्ड संख्या में मामले मिल रहे हैं। अस्पतालों में मरीजों और मरने वालों की संख्या भी बढ़ी है।

वैक्सीन साझा करने की गुजारिश की

रायटर की रिपोर्ट के मुताबिक प्रेस कांफ्रेंस में टेड्रोस ने संपन्न देशों से कोरोना रोधी वैक्सीन साझा करने का आह्वान भी किया। साथ ही चेतावनी दी कि अमीर देशों ने बूस्टर डोज को लेकर दबाव बनाया तो गरीब देश वैक्सीन से वंचित सह सकते हैं। कोरोना महामारी के संकट से उबरने के लिए जरूरी है कि अगले साल के मध्य तक हर देश में कम से कम 70 प्रतिशत पात्र लोगों का टीकाकरण हो।

डब्ल्यूएचओ ने किया आगाह

वहीं समाचार एजेंसी एपी की रिपोर्ट के मुताबिक कोरोना महामारी को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने एक बार फिर चेताया है। महामारी के फिर से गंभीर होने का संकेत देते हुए संगठन ने कहा कि दुनिया भर में पिछले हफ्ते कोरोना के मामलों में उससे पहले के हफ्ते की तुलना में 11 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। अमेरिका महाद्वीप के देशों में सबसे अधिक बढ़ोतरी देखी गई है। अमेरिका में तो कोरोना कहर बनकर टूटा है और पिछले 24 घंटे में वहां करीब साढ़े चार लाख नए मामले पाए गए हैं।

तेजी से बढ़ रहे मामले

संयुक्त राष्ट्र की स्वास्थ्य एजेंसी ने मंगलवार को जारी अपनी साप्ताहिक महामारी संबंधी रिपोर्ट में कहा कि 20 से 26 दिसंबर के बीच दुनियाभर में करीब 50 लाख नए मामले सामने आए। इनमें से आधे से अधिक मामले यूरोप में आए जिनकी संख्या 28.4 लाख थी। हालांकि यूरोप के मामलों में एक सप्ताह से पहले की तुलना में केवल तीन प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई है।

ब्रिटेन में 1.83 लाख नए मामले मिले

मंगलवार को ब्रिटेन, इटली, स्पेन, पुर्तगाल, साइप्रस और माल्टा समेत कई देशों में रिकार्ड संख्या में नए मामले मिले थे। डब्ल्यूएचओ ने कहा कि अफ्रीका में नए मामलों में सात प्रतिशत बढ़ोतरी के साथ संक्रमितों की संख्या करीब 2,75,000 हो गई। ब्रिटेन में 1.83 लाख नए मामले मिले हैं।

अमेरिका में 4,41,278 नए मामले

डब्ल्यूएचओ ने कहा कि अमेरिका महाद्वीपीय क्षेत्र में नए मामले 39 प्रतिशत बढ़कर करीब 14.8 लाख हो गए। अकेले अमेरिका में 34 प्रतिशत वृद्धि के साथ 11.8 लाख से अधिक मामले मिले। अफ्रीका में नए मामलों में सात प्रतिशत बढ़ोतरी के साथ संक्रमितों की संख्या करीब 2,75,000 हो गई। अमेरिकी रोक नियंत्रण एवं रोकथाम केंद्र (सीडीसी) के रिकार्ड किए गए आंकड़ों के मुताबिक मंगलवार को 4,41,278 नए मामले सामने आए। इससे पहले 20 दिसंबर को सबसे ज्यादा 2.90 लाख केस पाए गए थे। वहीं समाचार एजेंसी रायटर की रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिका में बीते एक हफ्ते से रोजाना औसतन 258,312 मामले सामने आ रहे हैं।

ओमिक्रोन से तबाह हो सकती है स्वास्थ्य व्यवस्था

डब्ल्यूएचओ ने ओमिक्रोन को एक बार फिर बड़ा खतरा बताते हुए कहा है कि इससे वैश्विक स्वास्थ्य व्यवस्था तबाह हो सकती है। उसके मुताबिक ओमिक्रोन से संबंधित जोखिम बहुत ज्यादा बना हुआ है। तेज प्रसार के मामले में इसने डेल्टा समेत पहले के सभी वैरिएंट को पीछ छोड़ दिया है। दो से तीन दिन में इसके मामले दोगुना हो रहे हैं। हालांकि, अभी भी विश्व में डेल्टा वैरिएंट ही महामारी का प्रमुख कारक बना हुआ है। हालांकि, इससे अस्पताल में भर्ती होने का खतरा कम है, लेकिन अधिक मामले आने से स्वास्थ्य व्यवस्था पर भार बढ़ेगा।

फ्रांस में भी टूटा नए मामलों का रिकार्ड, 2.08 लाख केस मिले

फ्रांस में भी कोरोना के रिकार्ड 2.08 लाख नए मामले सामने आए हैं। महामारी की शुरुआत के बाद से फ्रांस में एक दिन में इतने ज्यादा मामले कभी नहीं मिले थे। इससे पहले मंगलवार को ही फ्रांस में सर्वाधिक 1.80 लाख मामले सामने आए थे।

आस्ट्रेलिया में ओमिक्रोन का विस्फोट, बढ़े मामले

आस्ट्रेलिया में ओमिक्रोन वैरिएंट का विस्फोट देखने को मिल रहा है। पूरे आस्ट्रेलिया में संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। इसको देखते हुए प्रधानमंत्री स्काट मारीसन को कैबिनेट की आपात बैठक बुलानी पड़ी है। सिडनी और न्यू साउथ वेल्स में सबसे ज्यादा 11,000 से अधिक केस मिले हैं। एक दिन पहले यहां छह हजार मामले पाए गए थे। विक्टोरिया में भी मंगलवार के एक हजार की तुलना में बुधवार को करीब चार हजार नए केस मिले। क्वींसलैंड समेत दूसरे क्षेत्रों में और राज्यों में भी मामलों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।

ओमिक्रोन के कहर से अभी एशिया सुरक्षित

अमेरिका और यूरोप में जहां ओमिक्रोन से हालात खराब हो रहे हैं, वहीं एशिया का अधिकांश भाग इसे अभी तक दूर रखने में कामयाब रहा है। हालांकि, दुनिया की सबसे ज्यादा आबादी वाले क्षेत्र एशिया में इसके मामलों में वृद्धि अपरिहार्य तौर पर देखने को मिल सकती है।

कोविड-19 प्रोटोकाल से धीमी है रफ्तार

विदेशों से आने वालों के लिए आइसोलेशन के सख्त नियम और बड़े पैमाने पर मास्क लगाने को अनिवार्य करने जैसे नियमों ने ओमिक्रोन के प्रसार को धीमा रखने में मदद की है। जापान, दक्षिण कोरिया और थाईलैंड ने हाल के हफ्तों में प्रवेश और पृथक-वास प्रतिबंधों को फिर से प्रभावी बना दिया जबकि बीत दिनों ही इनमें राहत दी गई थी।

अगले साल खत्म हो सकता है महामारी का संकट

डेल्टा और ओमिक्रोन के चलते कोरोना महामारी को लेकर बढ़ती दहशत के बीच एक राहत देने वाली खबर भी आई है। डब्ल्यूएचओ के आपातकालीन मामलों के विशेषज्ञ माइक रेयान ने बुधवार को कहा है कि विश्व को अगले साल कोरोना महामारी के गंभीर संकट से मुक्ति मिल सकती है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि कोरोना वायरस अब जाने वाला नहीं है। ओमिक्रोन की गंभीरता को लेकर उन्होंने कहा कि जब तक यह वैरिएंट बुजुर्ग लोगों तक नहीं फैलता तब इसकी गंभीरता के बारे में कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी।

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